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पंडित बिरजू महाराज का 83 वर्ष की उम्र में निधन, पोते के साथ खेलते हुए ली अंतिम सांस

Birju Maharaj Passes Away: पंडित बिरजू महाराज का रविवार की देर रात निधन हो गया है। उन्‍होंने 83 साल की उम्र में अंतिम सांस ली.उनकी पौत्री रागिनी महाराज ने मीडिया को जानकारी दी है कि बिरजू महाराज का पिछले एक महीने से इलाज चल रहा था। रविवार की रात वो अपने पोते के साथ खेल रहे थे उसी दौरान उन्हें दिल का दौरा पड़ा था। रविवार देर रात 12:15 बजे और 12:30 बजे के बीच उन्हें सांस लेने में तकलीफ होने लगी।इसके बाद उन्‍हें 10 मिनट में अस्‍पताल ले जाया गया। लेकिन उन्हें बचाया नहीं जा सका. उनके पोते स्‍वरांश मिश्रा ने फेसबुक पोस्‍ट के जरिये उनके निधन की जानकारी दी है।

कला जगत के थे सिरमौर

पंडित बिरजू महाराज का असल नाम बृजमोहन मिश्रा था. पंडित जी या महाराज जी के उपनाम से लोकप्रिय बिरजू महाराज कथक के क्षेत्र में किसी परिचय के मोहताज नहीं हैं। दशकों से वह कला जगत के सिरमौर रहे हैं. उनके चाचा पंडित शंभू महाराज और लच्छू महाराज भी कथक के नृतक थे। इसके अलावा उनके पिता और गुरु अच्छन महाराज भी हिंदुस्तानी क्लासिकल म्यूजिक के बड़े कलाकार थे।

गायन और तबला वादन में भी थी महारत

जानने वाले बताते हैं कि वो बहुत अच्छे ड्रमर भी थे। खासकर तबला और नाल बजाने में तो उन्हें महारत हासिल थी. इसके अलावा उन्हें गायन के क्षेत्र में भी काफी रूचि थी। वे ठुमरी, दादरा, भजन और गजल भी गाया करते थे। इसके साथ ही उन्हें लिखने का भी शौक था। अपनी जिंन्दगी की रोजमर्रा की घटनाओं को वे हमेशा एक कुशल लेखक की तरह लोगों के सामने भी लाते रहते थे। कला जगत की कई बड़ी हस्तियों ने उनके निधन पर शोक व्यक्त किया है।

शोक संदेश की आयी बाढ़

पंडित बिरजू महाराज के निधन की खबर आते ही सोशल मीडिया पर लोगों के शोक संदेशों की बाढ़ आ गयी। प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने उनके निधन पर शोक जताते हुए ट्विटर पर लिखा, ‘भारतीय नृत्य कला को विश्वभर में विशिष्ट पहचान दिलाने वाले पंडित बिरजू महाराज जी के निधन से अत्यंत दुख हुआ है। उनका जाना संपूर्ण कला जगत के लिए एक अपूरणीय क्षति है. शोक की इस घड़ी में मेरी संवेदनाएं उनके परिजनों और प्रशंसकों के साथ हैं। ओम शांति!’

वहीं गायक अदनान सामी ने शोक जताते हुए ट्विटर पर लिखा, ‘महान कथक नर्तक पंडित बिरजू महाराज जी के निधन की जानकारी से अत्यंत दुखी हूं। हमने कला के क्षेत्र में एक अद्वितीय संस्थान खोया है. उन्होंने अपनी प्रतिभा से कई पीढ़ियों को प्रभावित किया है। उनकी आत्मा को शांति मिले.’ इसके अलावा गायिका मालिनी अवस्थी और कई सेलिब्रिटीज ने भी उन्हें अपनी श्रद्धांजलि दी है।

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