punjabkesari
Police Helped Pregnant Lady: कोरोना वायरस के भारत में भी लगातार बढ़ते हुए संक्रमण के मद्देनजर इस पर अंकुश लगाने के लिए बीते 24 मार्च को प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी की ओर से 21 दिनों के लिए देश में संपूर्ण लॉकडाउन की घोषणा कर दी गई है। इसके बाद से पूरे देश में कर्फ्यू जैसे हालात हैं। लोगों को अपने घरों में बंद होकर रहना पड़ रहा है। यह जरूरी भी है, क्योंकि कोरोना वायरस के बढ़ते हुए संक्रमण की चेन को तोड़ने के लिए यह कदम बहुत ही जरूरी माना जा रहा है। हालांकि लॉकडाउन होने के कारण लोग अपने घरों में कैद जरूर हैं, लेकिन बहुत से लोगों की ऐसी मजबूरी भी है, जिसकी वजह से उनका घर से निकलना जरूरी है।
इस वक्त जब पूरे देश में लॉकडाउन लगा हुआ है तो ऐसे में लोगों से यही अपील की जा रही है कि वे अपने-अपने घरों में रहें। परिवार वालों के साथ वक्त बिताएं, मगर बहुत से लोग ऐसे भी हैं जो काम के सिलसिले में लॉकडाउन से पहले से ही अपने घर से बाहर थे। अपने परिवार वालों से वे बहुत दूर थे। लॉकडाउन जब अचानक हो गया तो उन्हें अपने परिवार वालों तक पहुंचने का मौका ही नहीं मिल पाया। जो लोग जहां थे, वहीं फंस कर रह गए। लॉकडाउन की स्थिति में कहीं जाना भी ठीक नहीं, क्योंकि इससे संक्रमण के और फैलने का खतरा है।
लॉकडाउन की इस घड़ी में लोगों की मजबूरी की कई कहानियां सामने आई हैं। इन्हीं में से एक घटना बरेली में देखने को मिली है। यहां एक महिला जो कि 9 महीने की गर्भवती थी, वह लेबर पेन से जूझ रही थी। उसका पति भी उसके साथ नहीं था, क्योंकि वह कमाने के लिए बाहर गया हुआ था और लॉकडाउन की वजह से उसका घर तक पहुंच पाना मुश्किल था। लेबर पेन से जूझ रही यह गर्भवती महिला नोएडा में फंसे अपने पति का इंतजार कर रही थी। पति को अपने पास बुलाने का जब इस महिला के पास और कोई भी विकल्प नहीं बचा तो ऐसे में इस महिला ने एक वीडियो बनाया। इस वीडियो में उसने पुलिस वालों से और प्रशासन से मदद मांगी। महिला ने इसमें अपनी स्थिति का हवाला दिया और गुहार लगाते हुए कहा कि किसी भी तरीके से वे उसके पति को उसके पास पहुंचा दें। पुलिस का इस दौरान एक बड़ा ही मानवीय चेहरा देखने को मिला। न केवल बरेली पुलिस, बल्कि नोएडा पुलिस ने भी इसमें काफी सहयोग किया और इस महिला की मदद की।
बरेली के इज्जतनगर का यह मामला बताया जा रहा है। बरेली पुलिस से इस महिला ने जब वीडियो बनाकर मदद मांगी तो इस वीडियो को देखने के बाद बरेली के एसएसपी शैलेश पांडे ने नोएडा के एसएसपी रणविजय सिंह से इसे लेकर संपर्क किया और किसी भी तरीके से महिला के पति को ढूंढने की उनसे अपील की। रणविजय सिंह ने भी इस दौरान बड़ी ही तत्परता दिखाई। उन्होंने किसी तरीके से इस महिला के पति का संपर्क ढूंढ निकाला। न केवल उन्होंने इसे ढूंढा, बल्कि बरेली तक भी उसे पहुंचा दिया। इधर शैलेश पांडे ने भी महिला को अस्पताल पहुंचाया और उसका ख्याल रखा।
ऐसे मुश्किल हालात में दो जिलों की पुलिस ने मिलकर इस गर्भवती महिला की मदद की। पति के आने के कुछ समय बाद सुबह 3:15 बजे महिला ने एक बेटे को जन्म दिया। इसके बाद एक वीडियो बनाकर महिला ने पुलिस का शुक्रिया अदा करते हुए पुलिस को भगवान बता दिया। महिला ने कहा कि वे पुलिस के इस उपकार को कभी भुला नहीं पाएंगी। साथ ही नोएडा के एसएसपी रणविजय के नाम पर उन्होंने अपने बेटे का नाम भी रणविजय रख दिया।
नवजात शिशु की त्वचा (baby skin) को छूने का अहसास दुनिया का सबसे सुखद अनुभव…
एक नए माता-पिता के तौर पर, बच्चे के रोने की आवाज़ से ज़्यादा परेशान करने…
घर में एक नन्हे मेहमान का आना दुनिया की सबसे बड़ी खुशियों में से एक…
हिसार, हरियाणा – हरियाणा के हिसार जिले के भाटोल जाटान गांव की कीर्ति बामल, जो…
मध्य प्रदेश, जिसे हम गर्व से Heart of Incredible India कहते हैं, अब सिर्फ घूमने…
अगर आप भारतीय रेलवे की ऑनलाइन टिकट बुकिंग सेवा IRCTC का इस्तेमाल करते हैं, तो…