Famous Dialogues of Sanjay Dutt: मुन्ना भाई, डेडली दत्त, बाबा, खलनायक के नाम से मशहूर संजय दत्त…. जिनका जीवन बेहद उतार चढ़ाव वाला रहा है। पहली फिल्म की रिलीज़ से पहले ही मां की मौत, ड्रग्स एडिक्शन और जेल। संजय दत्त उन स्टार किड में से रहे हैं जिनका ज्यादातर जीवन विवादों में ही रहा। ना जाने क्या-क्या उठापटक चलती रही इनकी जिंदगी में। लेकिन फिर भी ना झुके ना रूके। हर रूकावट को पार किया और तभी तो संजय आज भी सबके चहेते स्टार है। आज भी संजय दत्त की अपनी फैन फोलोइंग है और उनका जादू बरकरार है।

संजय दत्त ने कई बेहतरीन फिल्मों में दमदार अभिनय किया है। रॉकी, खलनायक, वास्तव, मुन्ना भाई एमबीबीएस, लगे रहो मुन्ना भाई, सड़क, कांटे इन फिल्मों के किरदार को संजय दत्त ने ना केवल निभाया बल्कि जीया भी है। तभी तो आज भी इन फिल्मों के डायलॉग लोगों की जुबां पर हैं…आज भी लोग जब संजय दत्त की ये फिल्में देखते हैं तो संजू बाबा के खास डायलॉग पर आज भी तालियां बज उठती है।

लिहाज़ा आज हम आपके लिए संजय दत्त के वो चुनिंदा डायलॉग्स लेकर आए हैं जो आज भी सबके फेवरेट हैं।(Famous Dialogues of Sanjay Dutt)

1.“शराफत की किताब में मुझे खलनायक कहते हैं”। संजय दत्त की खलनायक फिल्म का ये डायलॉग भले ही आज पुराना हो चुका है लेकिन आज भी जब ये फिल्म लोग देखते हैं तो इस डायलॉग पर सीटियां बज ही उठती है।

2.“तुम जैसे जितने हरामजादे इस शहर में पैदा होते हैं ना उनके सबकी एक फाइल बनके मेरे ऑफिस में आती है। अब इतनी फाइल हो गई है कि पैर रखने की जगह नहीं है। ऑफिस साफ करने का सिर्फ एक ही रास्ता है। आदमी खत्म तो फाइल्स खत्म। (लोखंडवाला)

3.“असली है,असली! पचास तोला, पचास तोला। कितना? पचास तोला”! (वास्तव)

4.“एक बात याद रखना इंस्पेक्टर, मैं वापस आउंगा। उस लड़की को छुपा कर, वापस जरुर आउंगा इंस्पेक्टर। और उस दिन आखरी बार तेरी फोटो जरुर छपेगी, जिंदा नहीं मुर्दा”। (सड़क)

5.“जब दोनों गाल पर थप्पड़ पड़ जाए तो क्या करने का, ये बापू ने कहां अपने को”…(लगे रहो मुन्ना भाई)

6.”वो बाहर कोई कैसुएल्टी में मरने की हालत में रहा तो उसको फॉर्म भरना ज़रूरी है क्या” (मुन्ना भाई एमबीबीएस)

7.“जिंदगी जीने का मज़ा तब आता है दोस्त, जब मौत की अंगुलियां थामकर भागा जाए।“ (आतिश)

8.“उड़ा दो साले के भेजे को। मैं भी देखना चाहता हूं कि इसमें घास भरा है या भूसा”। (कांटे)

9.”एक गोली डाली, पांच खाली…सिर पे तानी, खोपड़ी खाली” (लक)

10. “सवाल ये नहीं है कि बार में कितनी दारू है, सवाल ये है कि तू कितना पी सकता है” (कांटे)

यह भी पढ़े

फिलहाल संजय दत्त पत्नी मान्यता और दो बच्चो के साथ खुशहाल ज़िंदगी बिता रहे हैं। फिल्मों में काम कर रहे हैं और लोग उनके काम को पहले की तरह ही पसंद भी कर रहे हैं।

Facebook Comments